विविध

किसान आंदोलन फिर खड़ा करने की नई कोशिश

30 अप्रैल को संयुक्त किसान मोर्चा ने दिल्ली में अपनी बैठक की। इस बैठक में आगामी 6 माह के लिए संघर्ष की रूपरेखा तैयार कर किसान आंदोलन फिर से खड़ा करने का संकल्प लिया गया। बैठक में ज्यादातर प्रमुख संग

आईएमटी मानेसर में मजदूरों का शोषण-उत्पीड़न

आईएमटी मानेसर में मजदूरों के हालात बहुत बुरे हैं। ज्यादातर कंपनियों में सौ प्रतिशत अस्थाई मजदूर कार्य कर रहे हैं। ज्यादातर कंपनियों में सिंगल ओवरटाइम दिया जा रहा है। ज्यादातर कंपनियों में बोनस नहीं

नया संसद भवन : रंग में भंग

भारत के नये संसद भवन का अपने उद्घाटन से पहले ही विवादों में घिर जाना यह बतलाने को पर्याप्त था कि भारत की राजनीति किस जगह पर खड़ी है। एक ओर आत्ममुग्ध, प्रचार के भूखे और इतिहास में मुगल बादशाहों की तर

हिन्दू फासीवाद और जनतंत्र

बहुत कम लोग इस पर ध्यान देते हैं कि हिटलर तख्ता पलट कर सत्ता में नहीं आया था। वह बिल्कुल संवैधानिक तरीकों से चुनावों के जरिये सत्ता में आया था। 
    

नगीना कालोनी बचाने को कालोनीवासी एकजुट

लालकुआं/ रेलवे द्वारा नगीना कालोनी, लालकुआं (नैनीताल) उत्तराखंड को खाली करने का नोटिस लगाये जाने के विरोध में 7 मई को नगीना कालोनी बचाओ संघर्ष समिति, लालकुआं (नैनीताल) द्वारा एक आप

बेलसोनिका मजदूरों की क्रमिक भूख हड़ताल जारी

गुड़गांव/ बेलसोनिका प्रबंधन के खिलाफ बेलसोनिका यूनियन का संघर्ष जारी है। बेलसोनिका यूनियन दिनांक 4 मई 2023 से कंपनी गेट पर क्रमिक अनशन पर बैठी हुई है।
    

बेलसोनिका मजदूरों की क्रमिक भूख हड़ताल जारी

गुड़गांव/ बेलसोनिका प्रबंधन के खिलाफ बेलसोनिका यूनियन का संघर्ष जारी है। बेलसोनिका यूनियन दिनांक 4 मई 2023 से कंपनी गेट पर क्रमिक अनशन पर बैठी हुई है।
    

भाजपा सांसद बृजभूषण सिंह की गिरफ्तारी की मांग को लेकर विरोध-प्रदर्शन

भारतीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष और भाजपा सांसद बृजभूषण सिंह की गिरफ्तारी की मांग के साथ जंतर-मंतर पर पहलवानों का धरना लगातार जारी है। पहलवानों द्वारा सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगाने के बाद सुप्रीम कोर्

समय पर पाठ्य पुस्तक उपलब्ध कराने के लिए हस्ताक्षर अभियान और ज्ञापन

हल्द्वानी/ उत्तराखण्ड में कक्षा 1 से 12 तक के स्कूली छात्रों को किताबें समय पर दिये जाने के लिये परिवर्तनकामी छात्र संगठन (पछास) ने 6 मई को मुख्यमंत्री उत्तराखंड सरकार को ज्ञापन प्

आलेख

/uddharak-ideology-ki-talaas

इस मजदूर आंदोलन की विचारधारा मार्क्सवाद का यह स्पष्ट कहना था कि महान फ्रांसीसी क्रांति के जमाने से ही पूंजीपति वर्ग ने अपने समाज के लिए जो आदर्श घोषित कर रखा है- स्वतंत्रता, समता, बंधुत्व का आदर्श- वह पूंजीवाद की निजी सम्पत्ति के कारण कभी भी हासिल नहीं किया जा सकता। पूंजी के रूप में निजी सम्पत्ति के रहते स्वतंत्रता का मतलब होगा बाजार में खरीद-बेच की स्वतंत्रता, समता का मतलब होगा बाजार में खरीददार व विक्रेता की समता तथा बंधुत्व का मतलब होगा खरीद-बेच की व्यवस्था पर सहमति।

/war-and-diplomacy-uthal-puthal-se-bhari-duniyaa

गाजापट्टी में इजरायल की कत्लेआम करने की मुहिम जारी है। इजरायली यहूदी नस्लवादी न तो किसी समझौते को मान रहे हैं और न ही वे अपनी विनाश लीला को रोक रहे हैं। वे नस्लीय सफाये की मुहिम चला रहे हैं। इसके जवाब में हमास और अन्य प्रतिरोध संगठन इजरायली कब्जाकारी सेना पर प्रहार कर रहे हैं। 

/amerika-ka-iran-par-operation-d-day-hatasha-ka-parinam

अपने व्यापक नुकसान को देखते हुए अमरीकी साम्राज्यवादियों ने अप्रैल महीने में युद्ध विराम किया और फिर पाकिस्तान की मध्यस्थता में एक ज्ञापन समझौता किया। इस ज्ञापन समझौते में अधिकांशतः ईरान की मांगें स्वीकार की गयीं। यह वस्तुतः अमरीका की पराजय थी। इस समझौते के थोड़े ही दिनों बाद अमरीका ने इसका उल्लंघन शुरू कर दिया। इजरायल ने एक भी दिन इस समझौते को नहीं माना।

/education-and-emplyoment-dasha-aur-durdasha

भारत की शिक्षा व्यवस्था में एक अजीबोगरीब विरोधाभास नजर आता है। एक ओर उच्च शिक्षा में आई आई टी, एम्स और आई आई एम जैसे सरकारी संस्थान हैं जो क्रमशः इंजीनियरिंग, चिकित्सा और

/cocoroach-saradar-and-samajvadi-janataantrik-morcha

उदारवादी या वाम-उदारवादी अपनी प्रकृति से ही पूंजीवादी समाज के मूल अंतर्विरोधों को देखने में असमर्थ होते हैं। इसीलिए वे इसकी आम गति को देखने में असमर्थ होते हैं। उनका निजी सम्पत्ति, पैसे, प्रतियोगिता, इत्यादि में दृढ़़ विश्वास होता है। इनके बिना वे किसी समाज की कल्पना नहीं कर पाते। और ठीक इसी कारण वे यह नहीं देख पाते कि भ्रष्टाचार निजी सम्पत्ति, पैसा और प्रतियोगिता का अनिवार्य परिणाम है। कि इस समाज में भ्रष्टाचार को कानूनी वैधता प्रदान की जा सकती है, उसे खत्म नहीं किया जा सकता।