तरुण तथा उनैज खान की हत्या

Published
Mon, 03/16/2026 - 07:17
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दो मामलें, सच्चाई कुछ और.... 

पहली घटना उत्तम नगर दिल्ली की 4 मार्च होली वाले दिन की है। तरुण की हत्या की घटना सामने आई है लेकिन परत दर परत नये खुलासे आते गये।
    
दूसरी घटना लखनऊ (यूपी) के उनैज खान की है। 12 साल के उनैज खान को उसके हिन्दू दोस्त पार्टी में ले जाते हैं और वहां उसके सिर में गोली लगने से मौत हो जाती है।
    
पहली घटना को देखें तो साम्प्रदायिक माहौल तैयार कर पूरे उत्तम नगर इलाके में तनाव पैदा कर दिया गया। हत्या को हिन्दू धर्म व मुस्लिम धर्म के बीच झगड़े के चलते होना बताया जा रहा है। लेकिन जैसे-जैसे दिन बीत रहे हैं वैसे-वैसे नये खुलासे होते जा रहे हैं। मुस्लिम पक्ष से बातें आ रही हैं कि जान-बूझ कर महिला पर रंग फेका गया था। जब इसका विरोध हुआ तो तरुण द्वारा दोस्तों को बुलाकर हंगामा किया गया। दोनों पक्षों में खूब मार पिटाई होती है जिसमें तरुण के सिर पर गंभीर चोट लगती है और मौत हो जाती है। मार-पिटाई में 13 वर्षीय रिजवान को भी गंभीर चोट लगी है, उसको बार-बार दौरे पड़ रहे हैं। उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है। खबर फैलते ही नफरती हिन्दूवादी लोग आरोपी मुसलमान के घर पर हमला कर सामान लूटते हैं और आग लगा देते हैं। पुलिस मूकदर्शक बन तमाशा देख रही होती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि दोनों पक्षों में पहले से छोटे-मोटे झगड़े होते रहते थे। दोनों एक दूसरे के पड़ोसी हैं। 40-50 साल एक-दूसरे को जानते हैं। उसके बाद पुलिस का भी बयान आता है कि यह साम्प्रदायिक नहीं आपसी रंजिश का परिणाम है। पुलिस ने 5 लोगों को गिरफ्तार किया है। ये पांचों मुस्लिम हैं। आरोपियों के घर को अवैध कब्जे के नाम पर बुलडोजर से गिरा दिया गया। टीवी चैनलों पर साम्प्रदायिक जहर घोलने का काम कर नफरती माहौल बनाया जा रहा है। बजरंग दल व गौरक्षा दल आदि सक्रिय हो कर दंगा फैलाने में जुट चुके हैं। पूरे इलाके में शेष मुस्लिम परिवारों में दहशत है। 
    
दूसरी घटना 2 मार्च की है। इस पर नजर डालें तो लखनऊ के 12 वर्षीय उनैज खान को हिन्दू दोस्त जन्मदिन की पार्टी पर बुला कर ले जाते हैं और उसके सिर में गोली लगने से मौके पर मौत हो जाती है। उसके बाद आरोपी का पिता मृतक (उनैज) के पिता को फोन पर कहता है कि ‘‘आ जाओ अपने बेटे को देख लो जिंदा है या मर गया।’’ बताया जा रहा है कि जन्मदिन पार्टी कर रहे लड़के के पिता आरोपी संजीव त्रिपाठी, उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक के रिश्तेदार हैं। उनैज खान का परिवार न्याय की मांग कर रहा है लेकिन कहीं भी मीडिया और चैनलों पर हंगामा नहीं मचा। शासन-प्रशासन द्वारा कोई ठोस आश्वासन भी नहीं मिला है। पीड़ित परिवार का सीधा-सीधा आरोप है कि उनके बेटे को जान बूझ कर सिर में गोली मारी गई है। परिवार का कहना है कि उन्हें धमकियां भी मिल रही हैं कि मामले को आगे बढ़ाया तो अंजाम बुरा होगा। 
    
पहली घटना को अंजाम एक समुदाय द्वारा दिया गया तो दूसरी घटना को दूसरे समुदाय द्वारा। दोनों घटनाओं को देखें तो समाज व न्याय का नजरिया अलग-अलग नजर आता है। 
    
मुस्लिम समुदाय को कहीं दूर-दूर तक न्याय नजर नहीं आता है। समाज में नफरत का बीज बोने के लिए तत्पर हिन्दू कट्टरपंथी संगठनों को मौका मिलता जा रहा है। सत्ता की शह पर साम्प्रदायिक संगठनों द्वारा लोगों के दिमागों में जहर घोल कर समाज में भाईचारा खत्म किया जा रहा है। 
        -एक पाठक, हरिद्वार

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