मजदूरों की मांगों को लेकर दिल्ली में मुख्यमंत्री आवास पर प्रदर्शन

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नई दिल्ली/ मजदूरों की मांगों को लेकर 21 दिसंबर को मुख्यमंत्री आतिशी सिंह के आवास AB-17, मथुरा रोड नई दिल्ली पर प्रदर्शन कर ज्ञापन दिया गया। कार्यक्रम का आयोजन इंकलाबी मजदूर केंद्र और मजदूर एकता समिति द्वारा किया गया। दिल्ली सरकार द्वारा घोषित न्यूनतम वेतन का भुगतान करवाने एवं श्रम कानूनों की परिपालना कराने हेतु मुख्यमंत्री आवास पर यह प्रदर्शन किया गया।
    
दिल्ली स्थित प्राइवेट फैक्टरियां प्रतिदिन 10 घंटे-12 घंटे हाड़-तोड़ मेहनत कराकर मजदूरों को मासिक वेतन के नाम पर रुपए 7000/- से रुपए 9000/- बीच दे रही हैं। फैक्टरी मालिक ओवर टाइम का सिंगल भुगतान कर रहे हैं। दिल्ली का न्यूनतम वेतन अकुशल मजदूर के लिए रुपए 18,066 तथा कारीगर के लिए रुपए 21,917/- सरकार द्वारा घोषित किया गया है। घोषित वेतन और भुगतान किए जाने वाले वेतन को देखा जाए तो फैक्टरी मालिक मजदूरों की कमाई का करोड़ों रुपए हर महीने लूट रहे हैं। यहां मजदूरों को नियुक्ति पत्र, आई कार्ड, ईएसआई, पीएफ, बोनस और ग्रेच्युटी आदि सुविधाएं भी नहीं दी जा रही हैं। 
    
ज्ञापन के माध्यम से मांग की गयी है कि घोषित न्यूनतम वेतन का भुगतान करवाया जाए, इसके लिए कोई विशेष कमेटी बनाया जाए। सभी कार्यरत मजदूरों को नियुक्ति पत्र, ईएसआई, पीएफ, बोनस और ग्रेच्युटी आदि सुविधाएं दी जाएं। श्रम कानूनों का उलंघन करने वाले फैक्टरी मालिकों पर कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। निजीकरण, मजदूर विरोधी नए लेबर कोड्स एवं ठेकेदारी प्रथा को खत्म किया जाए। बढ़ती महंगाई के अनुसार न्यूनतम वेतन बढ़ाकर रुपए 26,000/- घोषित किया जाए। सभी फैक्टरियों में स्वास्थ्य एवं सुरक्षा संबंधी कानून को कड़ाई से लागू करवाया जाए, जिससे फैक्टरी दुर्घटनाओं में होने वाली मजदूरों की मौतों पर रोक लगे। मातृत्व अवकाश नहीं देने वाली कंपनियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए एवं सभी फैक्टरियों में छोटे बच्चों के रख-रखाव की व्यवस्था किया जाए एवं वेतन भुगतान मामले में महिलाओं के साथ हो रहे भेदभाव को समाप्त किया जाए।
    
प्रदर्शन में बवाना इंडस्ट्रियल एरिया के फैक्टरी मजदूरों के साथ इंडियन फेडरेशन आफ ट्रेड यूनियन, औद्योगिक ठेका मजदूर यूनियन, इफ्टू (सर्वहारा), मजदूर एकता केंद्र, मोर्चा पत्रिका, भाकपा (माले) मास लाइन आदि संगठनों के प्रतिनिधि एवं कई सामाजिक कार्यकर्ता शामिल हुए। 
           -दिल्ली संवाददाता

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