अंधेरे के घटाटोप में
प्रचार तंत्र की लहालोट में
लोकतंत्र पर पड़ी चोट में
दीपक एक जलाते बच्चे
जग का तिमिर मिटाते बच्चे
नई राह दिखलाते बच्चे
आंधी में और तूफानों में
टियर गैस में बौछारों में
पुलिस की लाठी के वारों में
पीठ नहीं दिखलाते बच्चे
डर की हंसी उड़ाते बच्चे
साहस से डट जाते बच्चे
जग का तिमिर मिटाते बच्चे
नई राह ......
बड़े देखते मंदिर-मस्जिद
पर बच्चों की बहोत अलग जिद
इंतिहान की पारदर्शिता
को मुद्दे पर लाते बच्चे
हिन्दू-मुस्लिम-सिक्ख-इसाई
सबको एक बनाते बच्चे
जग का तिमिर ...
नई राह .....
सरकारों को वोट चाहिए
पर अब उनको ओट चाहिए
सरकारों का असली चेहरा
स्वतः सामने लाते बच्चे ..
जग का तिमिर ...
नई राह .... -आशुतोष सिंह