मजदूर आवाज

भारत की कपड़ा कंपनियों में मासिक धर्म के दर्द को कम करने के लिए बिना लेबल वाली गोलियां दी जा रही थीं

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जांच में पता चला है कि तमिलनाडु के कपड़ा श्रमिकों को काम के दौरान मासिक धर्म के दर्द को सहन करने के लिए बिना लेबल वाली गोलियां दी गई थीं, जिसके चलते राज्य ने कारखानों का न

काकरोच पार्टी का आमरण अनशन

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दिल्ली के जंतर-मंतर पर 20 जून से शुरू हुआ काकरोच जनता पार्टी का धरना प्रदर्शन जारी है। शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे की मांग के साथ शुरू हुआ यह प्रदर्शन 28 ज

सूरत के नासिर नगर में सैकड़ों परिवारों को बेघर करने की कार्रवाई पर उठे गंभीर सवाल सवाल

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अब तो मुसलमान होना ही काफी है बिना कोई नोटिस बिना कोई सूचना बस बुलडोजर लाओ और घरों को तोड़ दो। गुजरात के सूरत शहर स्थित नासिर नगर क्षेत्र में 30 मई से 2 जून तक बड़े पैमाने

जेन जी आक्रोश पर सवार हो आगे बढ़ती काकरोच जनता पार्टी

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भारत के मुख्य न्यायाधीश द्वारा बेरोजगार युवाओं को काकरोच कहे जाने की प्रतिक्रिया में काकरोच जनता पार्टी पैदा हुई थी। अमेरिकावासी अभिजीत दिपके द्वारा सोशल मीडिया पर व्यंग्

मजदूर संघर्षों की लहर का नया केन्द्र- कानपुर

उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात में मजदूरों के विरोध प्रदर्शन का सिलसिला एक के बाद एक फैक्टरी में जारी है। इसी क्रम में 16 मई को सचेंडी स्थित आटो पार्ट्स कम्पनी स्पन माइक्रो

मार्च-अप्रैल-मई : मजदूर उभार के 3 माह

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भारत का मजदूर वर्ग उदारीकरण- निजीकरण की नीतियों के भारत में लागू होने के बाद की सबसे तीव्र लहरों में से एक (और संभवतः सबसे व्यापक) से गुजर रहा है। यद्यपि यह लहर अप्रैल मा

हालिया मजदूर उभार

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मौजूदा मजदूर आंदोलन के उभार को पूरे देश ने देखा। कैसे मजदूर अपनी बदहाल होती स्थिति को लेकर सड़कों पर उतर आए और एक के बाद एक कई फैक्टरियों में मजदूरों ने काम बंद कर हड़ताल क

आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, मिनी कार्यकर्ता और सहायिका

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सरकार ने आंगनबाड़ी योजना 1975 में लागू की थी। आंगनबाड़ी योजना को एकीकृत बाल विकास सेवा कहा गया। सरकार के अनुसार आंगनबाड़ी योजना शुरू करने का मुख्य कारण कुपोषण से लड़ना है। 6

आलेख

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अठारहवीं सदी के इंग्लैण्ड में होने वाले चुनावी भ्रष्टाचार पर गूगल से ‘सर्च’ करने पर उसका ए आई स्वतः ही यह जवाब हाजिर कर देता हैः 

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एस.आई.आर. प्रक्रिया के दौरान बड़े पैमाने पर मतदाताओं की कटौती की गई। अब तक 13 करोड़ से ज्यादा मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए। जबकि 5-6 करोड़ लोगों को संदेह की आड़ में नोटिस भेजे गए। 13 करोड़ में से 70 प्रतिशत वो लोग थे जिन्हें स्थानांतरित या अनुपस्थित बता दिया गया। इस तरह बड़े स्तर पर मनमानी छंटनी की जा रही है। इसमें सबसे बड़ी संख्या अल्पसंख्यक, दलित, आदिवासी, महिलाओं और मलिन बस्तियों में रहने वालों की है।

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इस मजदूर आंदोलन की विचारधारा मार्क्सवाद का यह स्पष्ट कहना था कि महान फ्रांसीसी क्रांति के जमाने से ही पूंजीपति वर्ग ने अपने समाज के लिए जो आदर्श घोषित कर रखा है- स्वतंत्रता, समता, बंधुत्व का आदर्श- वह पूंजीवाद की निजी सम्पत्ति के कारण कभी भी हासिल नहीं किया जा सकता। पूंजी के रूप में निजी सम्पत्ति के रहते स्वतंत्रता का मतलब होगा बाजार में खरीद-बेच की स्वतंत्रता, समता का मतलब होगा बाजार में खरीददार व विक्रेता की समता तथा बंधुत्व का मतलब होगा खरीद-बेच की व्यवस्था पर सहमति।

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गाजापट्टी में इजरायल की कत्लेआम करने की मुहिम जारी है। इजरायली यहूदी नस्लवादी न तो किसी समझौते को मान रहे हैं और न ही वे अपनी विनाश लीला को रोक रहे हैं। वे नस्लीय सफाये की मुहिम चला रहे हैं। इसके जवाब में हमास और अन्य प्रतिरोध संगठन इजरायली कब्जाकारी सेना पर प्रहार कर रहे हैं। 

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अपने व्यापक नुकसान को देखते हुए अमरीकी साम्राज्यवादियों ने अप्रैल महीने में युद्ध विराम किया और फिर पाकिस्तान की मध्यस्थता में एक ज्ञापन समझौता किया। इस ज्ञापन समझौते में अधिकांशतः ईरान की मांगें स्वीकार की गयीं। यह वस्तुतः अमरीका की पराजय थी। इस समझौते के थोड़े ही दिनों बाद अमरीका ने इसका उल्लंघन शुरू कर दिया। इजरायल ने एक भी दिन इस समझौते को नहीं माना।